परियोजना प्रस्‍ताव का मूल्‍यांकन एवं स्‍वीकृति

अंतिम ऋणी द्वारा परियोजना प्रस्‍ताव एनडीडीबी को प्रस्‍तुत करने के बाद एनडीडीबी में स्थित कार्यान्‍वयन एवं निगरानी प्रकोष्‍ठ (आईएमसी) आवश्‍यकता/प्रासंगिकता के संदर्भ में प्रस्‍तावों का मूल्‍यांकन करने के साथ ही, दूध खरीदी एवं बिक्री मात्रा दोनों में 10% की सूक्ष्‍मग्राहिता प्राप्‍त करने के बाद ऋण पुनर्भुगतान क्षमता (डीएससीआर (DSCR) -1.5 गुना (न्‍यूनतम) और आरओआई (ROI) - 10% (न्‍यूनतम)) के संबंध में अंतिम ऋणीयों की क्षमता के अतिरिक्‍त इसकी तकनीकी आर्थिक लाभप्रदता का मूल्‍यांकन करेगी ।

एनडीडीबी में स्थिति पीएससी (PSC) द्वारा परियोजना प्रस्‍ताव के अनुमोदन के बाद मंजूरी हेतु नाबार्ड को भेजा जाएगा । नाबार्ड द्वारा परियोजना प्रस्‍ताव की स्‍वीकृति मिलने पर एनडीडीबी में स्थित आईएमसी अंतिम ऋणी को ऋण मूंजरी के साथ ही नियम एवं शर्तों से अवगत कराएगी ।

 

 

इस वेबपेज के हिंदी पाठ तथा अंग्रेजी पाठ में किसी प्रकार की भिन्नता होने पर अंग्रेजी पाठ मान्य होगा|